( मारे गये गुलफ़ाम
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम ) -2
उल्फ़त भी रास ना आई
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
इक सब्ज़परी देखी
और दिल को गँवा बैठे
( मस्ताना-निगाहों पर
फिर होश लुटा बैठे ) -2
फिर होश लुटा बैठे
काहे को मैं मुस्कुराई
अजी हाँ मारे गए गुलफ़ाम
मारे गये गुलफ़ाम
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
अबरू की कटारी से
नैनों की दोधारी से
( वो हो के रहे ज़ख़्मी
इक बाद-ए-बहाअरी से ) -2
इक बाद-ए-बहाअरी से
ये ज़ुल्फ़ क्यों लहराई
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
मारे गये गुलफ़ाम
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
इस प्यार की महफ़िल में
वो आये मुक़ाबिल में
( वो तीर चले दिल पर
हलचल सी हुई दिल में ) -2
हलचल सी हुई दिल में
चाहत की सज़ा पाई
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
मारे गये गुलफ़ाम
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम
उल्फ़त भी रास ना आई
अजी हाँ मारे गये गुलफ़ाम्