रे मन सूर में गा
कोई तार बेसूर ना बोले, ना बोले
जीवन हैं सुखदुःख का संगम
मध्यम के संग जैसे पंचम
दोनों को एक बना
दिल जो धडके ताल बजे रे
ताल ताल में समय चले रे
समय के संग हो जा
जग हैं गीतों की रजधानी
सूर हैं राजा, लय हैं रानी
साजरूप बन जा
रे मन सूर में गा
कोई तार बेसूर ना बोले, ना बोले
जीवन हैं सुखदुःख का संगम
मध्यम के संग जैसे पंचम
दोनों को एक बना
दिल जो धडके ताल बजे रे
ताल ताल में समय चले रे
समय के संग हो जा
जग हैं गीतों की रजधानी
सूर हैं राजा, लय हैं रानी
साजरूप बन जा
re man sūr meṅ gā
koī tār besūr nā bole, nā bole
jīvan haiṅ sukhduḥakh kā saṅgam
madhyam ke saṅg jaise paṅcham
donoṅ ko ek banā
dil jo dhaḍke tāl baje re
tāl tāl meṅ samay chale re
samay ke saṅg ho jā
jag haiṅ gītoṅ kī rajdhānī
sūr haiṅ rājā, lay haiṅ rānī
sājrūp ban jā