हाये रे वो दिन क्यों न आये
जा जा के ऋतु लौट आये
झिलमिल वो तारें, कहाँ गये सारे
मनबाती जले, बुझ जाये
सुनी मेरी बीना, संगीत बिना
सपनों की माला मुरझाये
हाये रे वो दिन क्यों न आये
जा जा के ऋतु लौट आये
झिलमिल वो तारें, कहाँ गये सारे
मनबाती जले, बुझ जाये
सुनी मेरी बीना, संगीत बिना
सपनों की माला मुरझाये
hāye re vo din kyoṅ na āye
jā jā ke ṝtu lauṭ āye
jhilmil vo tāreṅ, kahāṇ gaye sāre
manbātī jale, bujh jāye
sunī merī bīnā, saṅgīt binā
sapnoṅ kī mālā murjhāye