कभी तनहाईयों में यूँ हमारी याद आयेगी
अंधेरे छा रहे होंगे, के बिजली कौंध जायेगी
ये बिजली राख कर जायेगी तेरे प्यार की दुनिया
ना फिर तू जी सकेगा और ना तुझ को मौत आयेगी
कभी तनहाईयों में यूँ हमारी याद आयेगी
अंधेरे छा रहे होंगे, के बिजली कौंध जायेगी
ये बिजली राख कर जायेगी तेरे प्यार की दुनिया
ना फिर तू जी सकेगा और ना तुझ को मौत आयेगी
kabhī tanhāīyoṅ meṅ yūṇ hamārī yād āyegī
aṅdhere chhā rahe hoṅge, ke bijlī kauṅdh jāyegī
ye bijlī rākh kar jāyegī tere pyār kī duniyā
nā phir tū jī sakegā aur nā tujh ko maut āyegī