दादी अम्मा, दादी अम्मा मान जाओ
छोडो जी ये गुस्सा जरा हँसके दिखाओ
छोटो छोटी बातों पे ना बिगड़ा करो
गुस्सा हो तो ठंडा पानी पी लिया करो
खाली-पीली अपना कलेजा ना जलाओ
दादी तुम्हें हम तो मनाके रहेंगे
खाना अपने हाथों से खिला के रहेंगे
चाहे हमें मारो चाहे हमें धमकाओ
कहो तो तुम्हारी हम चंपी कर दे
पिओ तो तुम्हारे लिए हुक्का भर दे
हँसी ना छुपाओ जरा आँखें तो मिलाओ
हम से जो भूल हुई माफ़ करो माँ
गले लग जाओ दिल साफ़ करो माँ
अच्छी से कहानी कोई हमको सुनाओ